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वायु सुतः          उत्तर भारत में श्री हनुमान मन्दिर


उत्तर भारत श्री हनुमान मन्दिरों की सूची राज्य-वार

उत्तर प्रदेश

01. श्री संकट मोचन हनुमान मंदिर, राजापुर, चित्रकूट, उतर प्रदेश  

02. बड़े हनुमानजी मंदिर [पुराना] अलीगंज, लखनऊ, उत्तर प्रदेश  

03. श्री बड़े हनुमान, हनुमान घाट, वाराणसी, उत्तर प्रदेश

04. श्री हनुमान मन्दिर, पन्की, कानपुर उत्तर प्रदेश

05. श्री हनुमानजी मंदिर, (नया), अलीगंज, लखनऊ, उत्तर प्रदेश

06. तुलसी दास बाल हनुमान मंदिर, तुलसी घाट, वाराणसी, उत्तर प्रदेश

07. श्री बड़े हनुमान मंदिर :: प्रयागराज :: उत्तर प्रदेश

08. श्री संकट मोचन हनुमान मंदिर, वाराणसी, उत्तर प्रदेश

09. श्री हनुमान मंदिर, हनुमान धारा चित्रकूट उत्तर प्रदेश

10. श्री हनुमान गढ़ी, अयोध्या, फ़ेजाबाद, उत्तर प्रेदश

11. श्री बङे हनुमान मंदिर, अयोध्या, उत्तर प्रदेश

12. नाँदि के श्री सिद्धि हनुमान मंदिर, चित्रकूट, उत्तर प्रदेश


उत्तराखण्ड

01. श्री हनुमान, देवप्रयाग, टेहरी गढ़वाल, उत्तराखंड 

02. श्री सिद्धबली मंदिर, कोटद्वार, उत्तराखंड


जम्मू और कश्मीर

01. हनुमान मन्दिर 

 


पंजाब

01. प्राचीन श्री बड़ा हनुमान मंदिर, [लंगूरवाला], अमृतसर, पंजाब  


बिहार

01. हनुमान मन्दिर 

 


मध्य प्रदेश

01. परेड हनुमान मंदिर, सागर, मध्य प्रदेश  

02. श्री हनुमान मन्दिर, गढ़ पहरा, सागर, मध्य प्रदेश

03. संत कमली के श्री हनुमान मंदिर, भोपाल, मध्य प्रदेश

04. श्री चोल हनुमान मंदिर भोपाल, मध्य प्रदेश

05. श्री संकट मोचन हनुमान मंदिर, महल परिसर ग्वालियर, मध्य प्रदेश


सिक्किम

01. हनुमान मन्दिर 

 


हरियाणा

01. हनुमान मन्दिर 

 


हिमाचल प्रदेश

01. दिगंबर श्री हनुमान मंदिर, सिध्दाबरी, हिमाचल प्रदेश 

02. जाखू पहाड़ी श्री हनुमान मंदिर, शिमला, हिमाचल प्रदेश 

03.श्री मंकी हनुमान मंदिर, कसौली, हिमांचल प्रदेश

 

 

~ सियावर रामचन्द्र की जय । पवनसुत हनुमान की जय । ~

॥ तुम्हरे भजन राम को पावै। जनम जनम के दुख बिसरावै ॥

शुभ स्वागतम
पवनसुत हनुमान की स्तुति गाते हुए प्रसन्न होने का आपका इस वेब साइट पर स्वागत करते हैं। यह साइट हनुमान स्वामी की महिमा को हनुमान भक्तों तक पहुंचाहने के लिए है।

श्री हनुमान जी

हनुमान अद्वितीय हैं - हनुमान अलग सोचते हैं। तीव्रता से सोचते हैं। आगे की सोचते हैं। तेजी से कार्य करते हैं। वह कर्म का चरम हैं। वह विनयपूर्ण का आदर्श रूप हैं।

श्री हनुमान जी का आशीर्वाद

भक्तों के बुरे कर्मों का अंत करके सभी मंगलता प्राप्त करते हैं। उनके चरणो की पूजा करनी चाहिए। वह अपने भक्तों के बुरे विचारों और कर्मों का अंत करके, उनके शब्दों, विचारों और कर्मों को शुद्ध बनाते है।

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